औरंगजेब की कब्र गिराने की मांग पर नवनीत राणा का बयान, SP विधायक अबू आजमी की टिप्पणी पर भड़कीं
बीजेपी नेता नवनीत राणा ने मंगलवार को समाजवादी पार्टी (SP) के विधायक अबू आसिम आजमी पर जोरदार हमला बोला और मुगल सम्राट औरंगजेब की कब्र गिराने की मांग की। यह बयान अबू आजमी द्वारा औरंगजेब की प्रशंसा करने पर आया है, जिससे राजनीतिक विवाद छिड़ गया है।
मुंबई। बीजेपी नेता नवनीत राणा ने मंगलवार को समाजवादी पार्टी (SP) के विधायक अबू आसिम आजमी पर जोरदार हमला बोला और मुगल सम्राट औरंगजेब की कब्र गिराने की मांग की। यह बयान अबू आजमी द्वारा औरंगजेब की प्रशंसा करने पर आया है, जिससे राजनीतिक विवाद छिड़ गया है।
नवनीत राणा का पलटवार
एक वीडियो संदेश में नवनीत राणा ने अबू आजमी को याद दिलाया कि जिस राज्य में वह विधायक हैं, वहां कभी छत्रपति शिवाजी महाराज और छत्रपति संभाजी महाराज का शासन था।
राणा ने कहा, "जिस राज्य में आप पांच साल के लिए विधानसभा में बैठने के लिए चुने गए हैं, वहां छत्रपति शिवाजी महाराज और छत्रपति संभाजी महाराज ने शासन किया था... औरंगजेब ने हमारे राजा के साथ क्या किया, यह जानने के लिए आप जैसे लोगों को 'छावा' फिल्म देखनी चाहिए।"
कब्र गिराने की मांग
राणा ने महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व वाली सरकार से कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि जिस तरह औरंगाबाद का नाम बदलकर संभाजीनगर किया गया, उसी तरह औरंगजेब की कब्र को भी गिरा देना चाहिए।
उन्होंने कहा, "मैं महाराष्ट्र सरकार से निवेदन करना चाहती हूं कि जिस तरह औरंगाबाद का नाम बदलकर संभाजीनगर किया गया, उसी तरह औरंगजेब की कब्र को भी ध्वस्त किया जाए।" औरंगजेब की कब्र महाराष्ट्र के खुल्दाबाद में स्थित है, जो औरंगाबाद जिले में आता है।
अबू आजमी का बयान और विवाद
यह विवाद तब भड़का जब अबू आजमी ने कहा कि वह 17वीं सदी के मुगल सम्राट औरंगजेब को क्रूर, अत्याचारी या असहिष्णु शासक नहीं मानते। उन्होंने दावा किया कि औरंगजेब के शासनकाल में भारत की सीमाएं अफगानिस्तान से म्यांमार तक फैली हुई थीं और उस समय देश एक वैश्विक आर्थिक महाशक्ति था। अबू आजमी की इस टिप्पणी पर बीजेपी ने तीखी प्रतिक्रिया दी और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
आजमी की माफी
हालांकि, विवाद बढ़ने के बाद अबू आजमी ने सार्वजनिक रूप से माफी मांगते हुए कहा कि अगर उनके बयान से किसी की भावनाओं को ठेस पहुंची है तो उन्हें खेद है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य कभी भी छत्रपति शिवाजी महाराज, डॉ. बीआर अंबेडकर, महात्मा ज्योतिबा फुले और राजश्री शाहूजी महाराज जैसे प्रमुख व्यक्तित्वों का अपमान करना नहीं था।
मेरे शब्दों को तोड़-मरोड़ कर दिखाया गया है। औरंगज़ेब रहमतुल्लाह अलेह के बारे में मैंने वही कहा है जो इतिहासकरों और लेखकों ने कहा है। मैंने छत्रपति शिवाजी महाराज, संभाजी महाराज या अन्य किसी भी महापुरषों के बारे में कोई अपमानजनक टिपण्णी नहीं की है - लेकिन फिर भी मेरी इस बात से कोई… pic.twitter.com/k7PY0ICe3b — Abu Asim Azmi (@abuasimazmi) March 4, 2025
आजमी ने कहा, "मैं कभी सपने में भी छत्रपति शिवाजी महाराज, डॉ. बीआर अंबेडकर या अन्य महापुरुषों के खिलाफ अपमानजनक शब्द बोलने की कल्पना नहीं कर सकता।"
What's Your Reaction?