'घर में घुसो और बैठ जाओ': पाकिस्तान को लेकर पहलगाम हमले पर ओवैसी का सरकार को संदेश

पाकिस्तान के खिलाफ अपने तीखे रुख को जारी रखते हुए AIMIM प्रमुख और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि भारत को पाकिस्तान-प्रायोजित आतंकवाद का अंत करना चाहिए और संकेत दिया कि ..

'घर में घुसो और बैठ जाओ': पाकिस्तान को लेकर पहलगाम हमले पर ओवैसी का सरकार को संदेश
02-05-2025 - 07:28 PM
22-04-2026 - 05:53 PM

हैदराबाद। पाकिस्तान के खिलाफ अपने तीखे रुख को जारी रखते हुए AIMIM प्रमुख और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि भारत को पाकिस्तान-प्रायोजित आतंकवाद का अंत करना चाहिए और संकेत दिया कि भारत को पाक-अधिकृत कश्मीर (PoK) पर कब्जा कर लेना चाहिए।

उन्होंने कहा, "भारत को सिर्फ 'घुसकर मारने' तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि 'घुसकर टिक जाना' चाहिए।" उन्होंने केंद्र सरकार को सलाह दी, "घर में घुस के बैठ जाओ", और इस बार आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की मांग की।

ओवैसी ने कहा कि 2019 में सरकार द्वारा की गई कार्रवाई के समय आतंकियों के लॉन्चिंग पैड वाले इलाके पर कब्जा कर लेना चाहिए था। जब उनसे रिपोर्टों पर प्रतिक्रिया मांगी गई कि पाकिस्तानी सेना ने नियंत्रण रेखा (LoC) के पास अपनी चौकियाँ खाली कर दी हैं, तो उन्होंने कहा, "अगर वे खाली कर चुके हैं, तो हमें वहाँ जाकर बैठ जाना चाहिए। हमें फिर वापस नहीं आना चाहिए। इस बार अगर कोई कार्रवाई हो, तो घुसो और वहीं रुको।"

जब उनसे पूछा गया कि क्या भारत को PoK पर कब्जा कर लेना चाहिए, तो उन्होंने संसद के प्रस्ताव का हवाला देते हुए कहा कि PoK भारत का हिस्सा है। उन्होंने कहा, "BJP कहती है 'घर में घुस के...', मैं कह रहा हूँ 'घर में घुस के बैठ जाओ।' यह आतंकवाद खत्म होना चाहिए।"

उन्होंने बार-बार हो रहे आतंकी हमलों को समाप्त करने की मांग की। उन्होंने लुम्बिनी पार्क, दिलसुख नगर और मुंबई आतंकी हमलों का उल्लेख करते हुए कहा, "मैं शर्मा साहब को जानता हूँ, वे तेलुगू के विद्वान हैं। उन्होंने अपनी बेटी खो दी थी। कभी-कभी मुझसे मिलने आते हैं, कहते हैं, 'उसे बहुत याद करता हूँ'26/11 के समय निजामाबाद की एक दुल्हन छत्रपति शिवाजी टर्मिनस पर मारी गई थी, उसके हाथों में मेहंदी लगी थी। पुलवामा हुआ, उरी हुआ, पठानकोट हुआ, रेआसी हुआ। सभी विपक्षी दल सरकार से कह रहे हैं.. बस अब इसे खत्म करो।"

आरक्षण और जातीय जनगणना पर ओवैसी का बयान

ओवैसी ने मांग की कि मोदी सरकार संसद में एक विधेयक लाकर 50% आरक्षण की सीमा तोड़े। उन्होंने कहा कि सरकार चाहे तो मानसून सत्र में आसानी से यह बिल पास कर सकती है, क्योंकि सभी सांसद इसका समर्थन करेंगे। उन्होंने पूछा कि सरकार इसे पास करने से क्यों हिचक रही है।

उन्होंने जातीय जनगणना के फैसले का स्वागत किया और कहा कि यह जानने के लिए जरूरी है कि कौन सी जातियाँ विकसित हैं और कौन पिछड़ी हुई, ताकि न्यायसंगत सकारात्मक कार्रवाई की जा सके। औवैसी ने कहा, "सरकार को बताना चाहिए कि वह जातीय जनगणना कब शुरू करेगी और क्या उसकी रिपोर्ट 2029 के चुनावों से पहले आएगी?"

50% आरक्षण की सीमा को तोड़ने की ज़रूरत पर ज़ोर देते हुए उन्होंने कहा कि 85% जनसंख्या को 50% से कम कोटे में सीमित रखा गया है, जिसमें OBC के लिए सिर्फ 27% आरक्षण है। उन्होंने कहा कि जातीय सर्वेक्षण से सामने आएगा कि 85% आबादी को हिंदू-मुसलमान के नाम पर पीछे रखा गया है।

ओवैसी ने कहा, "BJP हमेशा 'पसमांदा मुसलमान' की बात करती है। यह सर्वे बताएगा कि उनकी वास्तविक स्थिति क्या है, और साथ ही गैर-पसमांदा मुसलमानों की स्थिति को भी समझने में मदद करेगा।"

उन्होंने बताया कि तेलंगाना की जाति जनगणना के अनुसार राज्य में 56.32% आबादी पिछड़ी जातियों की है, और राज्य विधानसभा ने पिछड़े वर्गों के लिए 42% आरक्षण की सिफारिश की है।

BJP पर पसमांदा मुसलमानों को लेकर 'दोहरेपन' का आरोप

AIMIM प्रमुख ने BJP पर 'पसमांदा मुसलमान' को लेकर दोहरा मापदंड अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, "BJP ने वक्फ अधिनियम बनाया, यह कहते हुए कि वह पसमांदा मुसलमानों को वक्फ बोर्ड का सदस्य बनाना चाहती है। अगर BJP को पसमांदा मुसलमानों से इतनी मोहब्बत है, तो वह उनके लिए आरक्षण का विरोध क्यों कर रही है?"

उन्होंने बताया कि तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में मुस्लिम पिछड़े वर्गों को 4% आरक्षण दिया जा रहा है और यह धर्म के आधार पर नहीं, बल्कि सामाजिक और शैक्षिक पिछड़ेपन के आधार पर है।

उन्होंने BJP को चुनौती दी

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THE NEWS THIKANA, संपादकीय डेस्क यह द न्यूजठिकाना डॉट कॉम की संपादकीय डेस्क है। डेस्क के संपादकीय सदस्यों का प्रयास रहता है कि अपने पाठकों को निष्पक्षता और निर्भीकता के साथ विभिन्न विषयों के सच्चे, सटीक, विश्वसनीय व सामयिक समाचारों के अलावाआवश्यक उल्लेखनीय विचारों को भी सही समय पर अवगत कराएं।