केरल में ब्रेन ईटर अमीबा से एक की मौत: नाक से घुसकर दिमाग पर करता हमला

<p><em><strong>केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने शुक्रवार को बच्चे की मौत के बारे में जानकारी देने के साथ ही, चेतावनी दी है कि लोग दूषित पानी में नहाने से बचें, क्योंकि ये अमीबा नाक के जरिए शरीर में घुस जाता है।&nbsp;</strong></em></p>

केरल में ब्रेन ईटर अमीबा से एक की मौत: नाक से घुसकर दिमाग पर करता हमला
08-07-2023 - 11:20 AM
21-04-2026 - 12:04 PM

केरल के अलप्पुझा में दूषित पानी में रहने वाले फ्री लिविंग अमीबा के कारण एक 15 साल के लड़के की मौत हो गई। गुरुदत्त नाम का यह लड़का 10वीं का स्टूडेंट था। उसे प्राइमरी अमीबिक मेनिंगोएन्सेफलाइटिस इंफेक्शन हुआ था। इससे गुरुदत्त को बुखार और दौरे पड़े थे। जांच में इंफेक्शन का पता चला था। गुरुदत्त 1 जुलाई से अलप्पुझा मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में एडमिट था। बाद में पता चला था कि पनावली में एक झरने में नहाने के बाद वह इसकी चपेट में आ गया था।
केरल में पिछले सालों में मिले 5 मामले
स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने बताया कि अमीबा रुके हुए पानी में होता है और नाक की पतली त्वचा से घुस जाता है। यह कोई संक्रामक बीमारी नहीं है। ऐसा बहुत ही कम होता है, घबराने की जरूरत नहीं है। इससे पहले ऐसे 5 मामले सामने आए थे। सबसे पहला केस 2016 में आया था। इसके बाद 2019, 2020 और 2022 में एक-एक केस मिला था। इन सभी संक्रमित मरीजों की मौत हो गई थी। इस बीमारी के लक्षण बुखार, सिरदर्द, उल्टी और दौरे हैं।
दिमाग खाने वाला अमीबा नाम से मशहूर
अमेरिका के सेंटर ऑफ डिसीज कंट्रोल के मुताबिक पीएएम एक ब्रेन इंफेक्शन है जो अमीबा या नेगलेरिया फाउलेरी नामक एकल-कोशिका वाले जीव से होता है। यह अमीबा मिट्टी और गर्म ताजे पानी, जैसे झीलों, नदियों और गर्म झरनों में रहता है। इसे आमतौर पर ‘दिमाग खाने वाला अमीबा’ कहा जाता है क्योंकि जब अमीबा युक्त पानी नाक में जाता है तो यह ब्रेन को इंफेक्टेड कर देता है। हालांकि दूषित पानी पीने से संक्रमण नहीं होता। अमेरिका में हर साल औसतन तीन लोग इससे संक्रमित होते हैं।

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THE NEWS THIKANA, संपादकीय डेस्क यह द न्यूजठिकाना डॉट कॉम की संपादकीय डेस्क है। डेस्क के संपादकीय सदस्यों का प्रयास रहता है कि अपने पाठकों को निष्पक्षता और निर्भीकता के साथ विभिन्न विषयों के सच्चे, सटीक, विश्वसनीय व सामयिक समाचारों के अलावाआवश्यक उल्लेखनीय विचारों को भी सही समय पर अवगत कराएं।