धर्मेंद्र से मुलाकात के अगले दिन अमिताभ बच्चन ने साझा किया भावुक नोट: ‘हर दिन एक प्रतिकूलता का क्षण..’
बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन के ताज़ा ब्लॉग पोस्ट ने प्रशंसकों को एक ओर भावुक किया, तो दूसरी ओर सोचने पर मजबूर भी कर दिया। दिग्गज अभिनेता ने गुरुवार को एक गूढ़ और गहराई से भरा संदेश लिखा, ठीक एक दिन बाद जब वे अपने प्रिय मित्र और वरिष्ठ अभिनेता धर्मेंद्र से उनके जुहू स्थित घर पर मिलने गए ..
मुंबई। बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन के ताज़ा ब्लॉग पोस्ट ने प्रशंसकों को एक ओर भावुक किया, तो दूसरी ओर सोचने पर मजबूर भी कर दिया। दिग्गज अभिनेता ने गुरुवार को एक गूढ़ और गहराई से भरा संदेश लिखा, ठीक एक दिन बाद जब वे अपने प्रिय मित्र और वरिष्ठ अभिनेता धर्मेंद्र से उनके जुहू स्थित घर पर मिलने गए थे। धर्मेंद्र को बुधवार सुबह ब्रीच कैंडी अस्पताल से छुट्टी मिली थी।
“सामंजस्य… लेकिन किससे”
अमिताभ बच्चन के नोट में समय की नाज़ुकता और जीवन की चुनौतियों को सहने की शक्ति का संकेत मिलता है। उन्होंने लिखा, “Reconcile... and reconcile with what... when the reconciliation breeds none... Each day a moment of adversity... and the strength needed to cope and survive.”
(“सामंजस्य करो… और किससे सामंजस्य करो… जब सामंजस्य किसी फल की ओर ले ही न जाए… हर दिन एक प्रतिकूलता का क्षण… और उसे झेलने व जीवित रहने की शक्ति की आवश्यकता।”)
यह पोस्ट तब आई जब एक दिन पहले बच्चन को जुहू, मुंबई में अपनी BMW चलाते हुए देखा गया जो कि उनके लिए एक दुर्लभ सार्वजनिक उपस्थिति है। यह वीडियो तेज़ी से वायरल हो गया, जिसमें 82 वर्षीय अभिनेता को पपराज़ी से घिरा हुआ दिखाया गया। जैसे ही उन्होंने गाड़ी धीमी की, अटकलें लगने लगीं कि वे अपने प्रिय मित्र और ‘शोले’ के सह-कलाकार धर्मेंद्र से मिलने जा रहे थे, जिन्हें कुछ घंटे पहले ही अस्पताल से छुट्टी मिली थी।
धर्मेंद्र की सेहत का अपडेट
भारतीय सिनेमा के 89 वर्षीय दिग्गज धर्मेंद्र को 31 अक्टूबर को स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था। अब वे घर पर स्वास्थ्य लाभ कर रहे हैं। उनके करीबी सूत्रों के अनुसार वे “स्थिर और प्रसन्नचित्त” हैं, और परिवार तथा करीबी मित्र लगातार उनसे मिलने आ रहे हैं।
जब धर्मेंद्र ने ‘शोले’ के लिए अमिताभ की सिफारिश की
अमिताभ बच्चन और धर्मेंद्र की दोस्ती बॉलीवुड की सबसे प्यारी और मजबूत दोस्तियों में गिनी जाती है, जिसकी शुरुआत 1975 की क्लासिक फिल्म ‘शोले’ के सेट पर हुई थी। रोचक बात यह है कि धर्मेंद्र ने एक साक्षात्कार में बताया था कि ‘जय’ का किरदार पहले शत्रुघ्न सिन्हा को ऑफर किया गया था। लेकिन युवा अमिताभ की गहरी आवाज़ और सादगी भरे अभिनय से प्रभावित होकर धर्मेंद्र ने स्वयं निर्देशक रमेश सिप्पी को उनके नाम की सिफारिश की।
इस फैसले ने हिंदी सिनेमा की दिशा बदल दी और दर्शकों को फिल्म इतिहास की सबसे यादगार ऑन-स्क्रीन जोड़ियों में से एक मिली।
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