किंग बने चार्ल्स तृतीय... सिर पर सजा ब्रिटेन का ताज, उमड़ा हुजूम
<p><em><strong>वेस्टमिंस्टर ऐबी 1066 में विलियम प्रथम (विलियम द कॉन्करर) के समय से प्रत्येक ब्रिटिश ताजपोशी का गवाह रहा है। महाराजा चार्ल्स तृतीय और उनकी पत्नी कैमिला इस भव्य परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। वेस्टमिंस्टर ऐबी का फुटेज भी सामने आया है।</strong></em></p>
महाराजा चार्ल्स तृतीय की शनिवार को ताजपोशी हुई। वेस्टमिंस्टर ऐबी में महाराजा चार्ल्स तृतीय और उनकी पत्नी कैमिला को ताज पहनाया गया। इस ताजपोशी कार्यक्रम के दो हजार से ज्यादा लोग गवाह बने। गौरतलब है कि किंग चार्ल्स तृतीय ने बीते साल सितंबर में अपनी मां महारानी एलिजाबेथ की मौत के बाद यूनाइटेड किंगडम और 14 अन्य देशों के सम्राट के दावेदार बने थे, ताजपोशी होते ही वह इन देशों के सम्राट बन गए हैं।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, जब महाराजा चार्ल्स तृतीय को ताज पहनाया जा रहा था, उस वक्त ‘गॉड सेव किंग चार्ल्स’ के जमकर नारे लगे। बर्मिंघम पैलेस से लेकर वेस्टमिंस्टर ऐबी तक हजारों लोग सड़क के किनारे महाराजा चार्ल्स तृतीय को देखने के लिए एकत्रित हुए।
वेस्टमिंस्टर एबे 1066 में विलियम प्रथम (विलियम द कॉन्करर) के समय से प्रत्येक ब्रिटिश ताजपोशी का गवाह रहा है। महाराजा चार्ल्स तृतीय और उनकी पत्नी कैमिला इस भव्य परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं।
ताजपोशी वाले स्थान की फुटेज साझा करते हुए ट्वीट में कहा गया, ‘वेस्टमिंस्टर एबे महाराजा चार्ल्स तृतीय और महारानी कैमिला के ताजपोशी के लिए तैयार हैं।’ बता दें कि चार्ल्स तृतीय और कैमिला की साल 2005 में शादी हुई थी।
क्या बोले ऋषि सुनक?
ब्रिटिश प्रधानमंत्री ऋषि सुनक ने महाराजा चार्ल्स तृतीय की ताजपोशी की पूर्व संध्या पर एक बयान जारी किया था। उन्होंने कहा था कि एब्बे में जहां करीब हजार वर्षों से राजाओं की ताजपोशी होती रही है, हर धर्म के प्रतिनिधि पहली बार केंद्रीय भूमिका निभाएंगे।
What's Your Reaction?