संजय राउत जेल से रिहा, मनी लॉन्ड्रिंग मामले में मिली बेल
<p><em><strong>ईडी की तरफ से फैसले पर स्टे की मांग की गयी थी लेकिन अदालत ने मांग को खारिज कर दिया था।</strong></em></p>
शिवसेना नेता संजय राउत मनी लॉन्ड्रिंग मामले में कोर्ट से जमानत मिलने के बाद जेल से बाहर आ गए हैं। कोर्ट की ओर से उन्हें बुधवार, 9 नवंबर को ही जमानत मिली थी। ईडी की ओर से 1 अगस्त को गिरफ्तार किए गए संजय राउत को तीन महीने बाद जमानत मिली है। संजय राऊत को 2 लाख के मुचलके पर जमानत दी गई। ईडी की तरफ से फैसले पर स्टे की मांग की गयी थी लेकिन अदालत ने मांग को खारिज कर दिया था। ईडी ने कोर्ट के फैसले के खिलाफ अपील करने के लिए समय मांगा था, जिसे अदालत ने स्वीकार नहीं किया। अदालत ने एजेंसी को शिवसेना नेता की गिरफ्तारी को लेकर फटकार भी लगायी।
बाहर निकलते ही जोरदार स्वागत
गौरतलब है कि कोर्ट ने जैसे ही संजय राउत को जमानत का ऐलान किया, उनके समर्थकों ने तालियां बजाईं। कोर्ट ने 21 अक्टूबर को जमानत याचिका पर दोनों तरफ की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था। संजय राउत का जेल से निकलने पर कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया।
सूत्रों के मुताबिक, ईडी ने कोर्ट में दावा किया था कि अब तक संजय राउत को अपराध की कमाई से 3.27 करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं। ईडी ने उपनगरीय गोरेगांव इलाके में पात्रा चॉल के पुनर्विकास में वित्तीय अनियमितताओं में कथित भूमिका के लिए इस साल राज्यसभा सदस्य संजय राउत को गिरफ्तार कर लिया था।
What's Your Reaction?