भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया तीसरा टी20: वॉशिंगटन सुंदर की मैच जिताऊ 49 रनों की पारी की बदौलत भारत ने 5 विकेट से मैच जीतकर सीरीज़ की बराबरी की
कैनबरा। होबार्ट के बेलरीव ओवल के नीले आसमान के नीचे वॉशिंगटन सुंदर ने अपने टी20 करियर में रंग भर दिए। उन्होंने 23 गेंदों में नाबाद 49 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेलते हुए भारत को 187 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए 5 विकेट से जीत दिलाई। इस जीत के साथ तीन मैचों की सीरीज़ 1-1 से बराबर हो गई और अब टीम को तीन दिन का ब्रेक मिला है, जिसके बाद अगले तीन मुकाबले खेले जाएंगे।
सुंदर के आठ साल पुराने टी20 करियर (54 मैचों) में शायद ही कोई ऐसा मुकाबला रहा हो जिसे पूरी तरह ‘उनका’ कहा जा सके लेकिन होबार्ट की यह रात निश्चित रूप से उसी श्रेणी में आती है।
वॉशिंगटन का ‘एक्टर’ वाला अंदाज़
वॉशिंगटन सुंदर को क्रिकेट का वह युवा अभिनेता कहा जा सकता है जो हर रोल में खुद को ढाल लेता है।
- पिछले साल वह न्यूजीलैंड के बल्लेबाज़ों को उछाल और टर्न से चकमा दे रहे थे।
- इस साल इंग्लैंड के खिलाफ उन्होंने दिखाया कि वह टेस्ट में डटकर बल्लेबाज़ी कर सकते हैं और पांच घंटे में शतक भी जमा सकते हैं।
- वहीं अब उन्होंने साबित किया कि वह टी20 में भी टीम के फ़िनिशर की भूमिका निभा सकते हैं।
गब्बा 2021, ओवल 2025, ओल्ड ट्रैफर्ड 2025 जैसी टेस्ट यादों के बाद अब होबार्ट 2025 उनके नाम की नई कहानी जुड़ गई है।
मुश्किल हालात में मैदान पर उतरे
जब सुंदर बल्लेबाज़ी के लिए आए, भारत ने 111 पर चार विकेट गंवा दिए थे। लक्ष्य था, 76 रन 53 गेंदों में जबकि लोअर ऑर्डर कमजोर दिख रहा था। दूसरी ही गेंद पर सुंदर ने संकेत दे दिया कि रात उनकी है।
नाथन एलिस की तेज़ बाउंसर पर उन्होंने शानदार पुल शॉट लगाकर छक्का जड़ा — और इसके बाद उन्होंने अपना गियर नहीं बदला।
क्लासिक बल्लेबाज़ी का जलवा
आज के जमाने के ‘पावर हिटर्स’ के बीच सुंदर की क्लासिक तकनीक अलग ही दिखी।
वह ना तो ज़्यादा नवाचार करते हैं, ना ही अंधाधुंध शॉट खेलते हैं।
छूटे हुए गेंदों का सही उपयोग और सही समय पर सही गेंदबाज़ को निशाना बनाना — यही उनकी खूबी रही।
14वें ओवर में उन्होंने शॉन एबॉट पर हमला बोला और एक चौका और दो जोरदार छक्के लगाकर 19 रन बटोरे। यही ओवर भारत के पक्ष में निर्णायक साबित हुआ।
जब तिलक वर्मा आउट हुए, तब जितेश शर्मा (22* रन, 13 गेंद) ने सुंदर का साथ दिया और दोनों ने मिलकर टीम को जीत तक पहुंचाया 9 गेंद शेष रहते।
टीम संयोजन में बदलाव का असर
वॉशिंगटन सुंदर को इस मैच में कुलदीप यादव की जगह शामिल किया गया था, जो शुरुआत में हैरान करने वाला फैसला था। लेकिन, सुंदर ने बल्ले से साबित किया कि चयन सही था, भले ही उन्हें गेंदबाज़ी का मौका नहीं मिला।
अन्य बदलाव भी सफल रहे..
- अर्शदीप सिंह ने नई गेंद से ट्रैविस हेड और जोश इंग्लिस को आउट किया और बाद में स्टोइनिस (64 रन) की पारी का अंत किया।
- जितेश शर्मा ने लंबे अंतराल के बाद वापसी करते हुए विजयी चौका लगाया।
कप्तान सूर्यकुमार यादव ने मैच के बाद कहा, “यह संयोजन बेहतरीन रहा।”
टी20 विश्व कप 2026 के लिए संकेत
यह पारी सिर्फ जीत से ज़्यादा मायने रखती है। वॉशिंगटन सुंदर ने दिखाया कि वह केवल गेंदबाज़ नहीं, बल्कि टीम में स्पेशलिस्ट बल्लेबाज़ के तौर पर भी जगह बना सकते हैं।
उनकी इकॉनमी रेट (7 से कम) पहले से ही शानदार है, लेकिन इस पारी ने उनकी स्ट्राइक रेट और भरोसे को भी ऊँचा किया है।
अब सवाल यह है, क्या कुलदीप यादव, वरुण चक्रवर्ती या अक्षर पटेल में से किसी को सुंदर के लिए जगह खाली करनी होगी? लेकिन, सुंदर इस पर नहीं सोचेंगे.. वह बस हर नये रोल में खुद को बेहतर साबित करते रहेंगे।
मैच सारांश
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टीम |
स्कोर |
परिणाम |
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ऑस्ट्रेलिया |
186/6 (20 ओवर) |
स्टोइनिस 64, टिम डेविड 74 |
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भारत |
187/5 (18.3 ओवर) |