अमेरिका ईरान में घुसकर अयातुल्ला अली ख़ामेनेई को गिरफ्तार कर सकता है: रिपोर्ट्स
दुनिया अभी वेनेजुएला में हुए सैन्य हस्तक्षेप और वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो तथा उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस की गिरफ्तारी के घटनाक्रम से पूरी तरह उबर भी नहीं पाई है कि इसी बीच कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि अमेरिका अब ईरान में हस्तक्षेप की योजना बना..
नयी दिल्ली। दुनिया अभी वेनेजुएला में हुए सैन्य हस्तक्षेप और वहां के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो तथा उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस की गिरफ्तारी के घटनाक्रम से पूरी तरह उबर भी नहीं पाई है कि इसी बीच कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि अमेरिका अब ईरान में हस्तक्षेप की योजना बना सकता है।
ईरान में व्यापक विरोध प्रदर्शन
ईरान के 31 में से 27 प्रांतों के 250 से अधिक स्थानों पर बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। ये प्रदर्शन बढ़ती महंगाई और ईरानी मुद्रा रियाल के मूल्य में लगातार गिरावट के खिलाफ किए जा रहे हैं। कई मीडिया रिपोर्ट्स का दावा है कि अमेरिका तेहरान में हस्तक्षेप की योजना बना रहा है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, अब तक इन प्रदर्शनों में 29 प्रदर्शनकारी, चार बच्चे और ईरानी सुरक्षा बलों के दो जवानों की मौत हो चुकी है।
यह दावा किसने किया?
जेरूसलम पोस्ट की एक रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका इजरायली अधिकारियों के साथ मिलकर ईरान में जारी अशांति के मद्देनज़र विभिन्न विकल्पों पर विचार कर रहा है।
रिपोर्ट में क्या कहा गया है?
रिपोर्ट का दावा है कि ऐसे संकेत मिल रहे हैं कि वॉशिंगटन कुछ लक्षित हस्तक्षेपों पर विचार कर रहा है, ताकि ईरानी शासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों को और व्यापक बनाया जा सके। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि इजरायल यह आकलन कर रहा है कि किसी शीर्ष नेतृत्व को हटाने से ईरान में सत्ता परिवर्तन की प्रक्रिया तेज हो सकती है।
मोसाद का संदेश
इन संकेतों को तब और बल मिला, जब इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर ईरानी प्रदर्शनकारियों के समर्थन में सार्वजनिक रूप से एक संदेश साझा किया। इससे पहले इसी महीने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी ट्रुथ सोशल पर ईरानी अधिकारियों और अयातुल्ला अली ख़ामेनेई को चेतावनी देते हुए कहा था कि प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने पर इसके गंभीर परिणाम होंगे।
ख़ामेनेई के देश छोड़ने की अटकलें
कुछ रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया जा रहा है कि ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली ख़ामेनेई देश छोड़ सकते हैं। 87 वर्षीय ख़ामेनेई को उनकी हैसियत को देखते हुए सर्वोच्च स्तर की सुरक्षा में रखा गया है।
प्रदर्शन का 10वां दिन
शनिवार, 3 जनवरी को पश्चिमी ईरान में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने प्रदर्शनकारियों पर गोलीबारी की, जिसमें कम से कम चार लोगों की मौत हो गई। यह जानकारी दो मानवाधिकार संगठनों ने एएफपी समाचार एजेंसी को दी।
महंगाई और मुद्रा अवमूल्यन के खिलाफ ईरान भर में प्रदर्शन लगातार जारी हैं। मंगलवार, 6 जनवरी 2026 को ये प्रदर्शन लगातार 10वें दिन भी जारी रहे। इन्हें 2022-23 के बाद ईरान के सबसे बड़े विरोध प्रदर्शनों के रूप में देखा जा रहा है।
What's Your Reaction?