600 एकड़ में भव्य शहर बनाया... सारा पैसा दान का, अरबपतियों ने की मजदूरी

<p><strong><em>एक महीने तक चलने वाले इस इवेंट के लिए अहमदाबाद के भीतर ही एक पूरा का पूरा शहर बसा दिया गया है।</em></strong></p>

600 एकड़ में भव्य शहर बनाया... सारा पैसा दान का, अरबपतियों ने की मजदूरी
14-12-2022 - 10:47 PM
21-04-2026 - 12:04 PM

स्वामी नारायण संस्थान के प्रमुख स्वामी नारायण स्वरूपदासजी की जन्म शताब्दी पर अहमदाबाद में बुधवार को भव्य कार्यक्रम का आगाज हुआ। इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया। इस दौरान गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत और मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल भी मौजूद थे। एक महीने तक चलने वाले इस इवेंट के लिए अहमदाबाद के भीतर ही एक पूरा का पूरा शहर बसा दिया गया है। खासियत यहीं से शुरू होती है। 600 एकड़ जमीन दान की है, जिन पैसों से निर्माण हुआ है, वो भी दान है। मजदूरों में ऐसे लोग शामिल हैं, जिनकी संपत्ति करोड़ों-अरबों में है।

उल्लेखनीय है कि प्रमुख स्वामी नारायण स्वरूपदासजी का जन्म 1921 में हुआ था। उनका जन्म शताब्दी समारोह 15 दिसंबर 2022 से 15 जनवरी 2023 तक चलेगा। समारोह में 15 देशों के पीएम, डिप्टी पीएम और हजारों मिनिस्टर्स शामिल होंगे। 3 लाख एनआरआई आएंगे।

छठी पास व्यक्ति ने डिजाइन किया
इस जगह का डिजाइन सबसे अधिक चर्चा में है। जरूरत की चीजें आपको ढूंढनी नहीं पड़ती। खुद-ब-खुद दिखाई दे जाती हैं। डिजाइन करने वाले 6वीं पास श्री स्वरूपदास स्वामी दिल्ली का अक्षरधाम मंदिर को भी डिजाइन कर चुके हैं। गांधीनगर के अक्षरधाम के डिजाइन में भी इसका प्रमुख योगदान था। वह कहते हैं कि उन्हें कंप्यूटर का कोई ज्ञान नहीं है। कागज पर पेंसिल से डिजाइन बनाते हैं। उनके लिए ये सबसे आसान होता है।
सब कुछ दान का, करोड़पति मजदूर
इस शहर में जो भी बन रहा है या आ रहा है... सब दान का है। जो भी लोग काम कर रहे हैं, वह सेवाभाव में कर रहे हैं। इस काम में 2 महीने तक 50 हजार से ज्यादा लोग लगे। श्रमदान करने वालों में 5000 करोड़ की संपत्ति वाले अजमेरा परिवार की बहू गोराल अजमेरा भी शामिल हैं। इनके सूरत के डायमंड किंग लवजी बादशाह की बेटी, विमल डेयरी के मालिक अनीश पटेल, सिंटेक्स के योगेश पटेल जैसे कई लोग शामिल हैं।

जमीनें लौटाई जाएंगी, रिकॉर्ड पर दावा ठोकेंगे
स्वामी नारायण संस्थान के दुनिया में लाखों फॉलोअर्स हैं। इस इवेंट में कुल 55 लाख श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। एक महीने तक चलने वाला ये इवेंट जब खत्म हो जाएगा तो इसमें लगी सारी चीजें दान कर दी जाएंगी। जिसकी जमीन है, उसे नापकर लौटा दिया जाएगा। स्वामी नारायण संस्थान के दुनिया में लाखों फॉलोअर्स हैं। इवेंट को गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज कराया जाएगा। संस्थान का दावा है कि यह दुनिया का ऐसा सबसे बड़ा इवेंट होगा, जिसकी कास्ट जीरो है। रिकॉर्ड भी तय माना जा रहा है।
मेहमानों के लिए व्यवस्था, फाइव स्टार होटल 90 फीसदी बुक
कार्यक्रम में देश-विदेश के पीएम, डिप्टी पीएम और नेताओं के अलावा 3 लाख मंत्री आएंगे। कुल 55 लाख श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। अहमदाबाद के सभी फाइव स्टार होटलों में से 90 फीसदी और अलग-अलग कैटेगरी के 70 फीसदी होटलों में कमरे बुक हो चुके हैं। करीब 20 हजार से ज्यादा कमरों की बुकिंग हो चुकी है।

नाम गिनीज बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में दर्ज
वडोदरा में 7 दिसंबर, 1921 को शांतिलाल का जन्म हुआ। बचपन में ही वे घर छोड़कर अध्यात्म की ओर चले गए। 1940 में वे शास्त्री महाराज के शिष्य बने। इसी दौरान उनका नाम बदलकर नारायण स्वरूपदास स्वामी रख दिया गया।
1950 में शास्त्री जी महाराज ने उन्हें अध्यक्ष नियुक्त किया। तभी से वे ‘प्रमुख स्वामी’ के नाम से पहचाने जाने लगे। शास्त्री महाराज के कहने पर नारायण स्वरूपदासजी ने आध्यात्मिक सफर शुरू किया।
नारायण स्वरूपदास के गुरु शास्त्री महाराज का 1951 में निधन हो गया। 1971 में नारायण स्वरूपदास आध्यात्मिक प्रमुख भी बने।
स्वामी प्रमुख का नाम गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज है। भारत से बाहर सबसे ज्यादा क्षेत्रफल में बनाए गए ठ।च्ै के मंदिर के कारण मिला। यह मंदिर लंदन में डेढ़ एकड़ जमीन पर है। इसमें 26,300 पत्थरों का इस्तेमाल हुआ है। 1971 से 2000 के बीच 11 देशों में 355 मंदिर बनाने की वजह से भी स्वामी प्रमुख का ना गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

THE NEWS THIKANA, संपादकीय डेस्क यह द न्यूजठिकाना डॉट कॉम की संपादकीय डेस्क है। डेस्क के संपादकीय सदस्यों का प्रयास रहता है कि अपने पाठकों को निष्पक्षता और निर्भीकता के साथ विभिन्न विषयों के सच्चे, सटीक, विश्वसनीय व सामयिक समाचारों के अलावाआवश्यक उल्लेखनीय विचारों को भी सही समय पर अवगत कराएं।