विराट कोहली और रोहित शर्मा के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट में डाउनग्रेड की वजह सामने आई, BCCI अधिकारी ने किया खुलासा
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) खिलाड़ियों के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट सिस्टम को सरल बनाने की तैयारी में है। इसके तहत वर्ष 2018 में शुरू की गई ए+ (A+) श्रेणी को समाप्त किया जाएगा। मौजूदा नीति के अनुसार ए+ श्रेणी के खिलाड़ी को सालाना 7 करोड़ रुपये, ए श्रेणी को 5 करोड़ रुपये, बी श्रेणी को 3 करोड़ रुपये और सी श्रेणी को 1 करोड़ रुपये का भुगतान..
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) खिलाड़ियों के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट सिस्टम को सरल बनाने की तैयारी में है। इसके तहत वर्ष 2018 में शुरू की गई ए+ (A+) श्रेणी को समाप्त किया जाएगा। मौजूदा नीति के अनुसार ए+ श्रेणी के खिलाड़ी को सालाना 7 करोड़ रुपये, ए श्रेणी को 5 करोड़ रुपये, बी श्रेणी को 3 करोड़ रुपये और सी श्रेणी को 1 करोड़ रुपये का भुगतान किया जाता है।
हालांकि, 2025-26 सीज़न के लिए अभी घोषित न किए गए नए सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट्स में खिलाड़ियों को अब केवल ए, बी और सी श्रेणियों में ही रखा जाएगा। पिछले कॉन्ट्रैक्ट चक्र में सिर्फ चार खिलाड़ी रोहित शर्मा, विराट कोहली, जसप्रीत बुमराह और रवींद्र जडेजा सबसे ऊंची श्रेणी (ए+) में शामिल थे।
इन चारों में से अब केवल जसप्रीत बुमराह ही ऐसे खिलाड़ी हैं जो तीनों फॉर्मेट (टेस्ट, वनडे और टी20) खेलते हैं। विराट कोहली और रोहित शर्मा फिलहाल सिर्फ वनडे क्रिकेट खेल रहे हैं, जबकि रवींद्र जडेजा टेस्ट और वनडे टीम का हिस्सा हैं और उन्होंने टी20 से संन्यास ले लिया है।
बुमराह और अन्य ए श्रेणी खिलाड़ियों की सैलरी में कटौती नहीं
सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट्स को अगली एपेक्स काउंसिल मीटिंग में मंजूरी दी जाएगी। इस बीच, एक BCCI अधिकारी ने साफ किया कि जसप्रीत बुमराह जैसे खिलाड़ी की सैलरी में कोई कटौती नहीं होगी क्योंकि वह सभी फॉर्मेट में भारतीय तेज़ गेंदबाजी आक्रमण की अगुवाई करते हैं, भले ही वर्कलोड मैनेजमेंट के कारण वह कुछ मैच न खेल पाते हों।
इसके अलावा, टेस्ट और वनडे में भारत की कप्तानी कर रहे शुभमन गिल को भी ए श्रेणी में रखा जाएगा।
अधिकारी ने बताया कि चूंकि रोहित शर्मा और विराट कोहली अब केवल एक फॉर्मेट के खिलाड़ी हैं इसलिए उन्हें संभवतः बी श्रेणी में रखा जाएगा।
BCCI अधिकारी ने कहा, “कॉन्क्ट्रैक्ट ढांचे को सरल बनाने के लिए यह बदलाव किया जा रहा है। ऐसे बहुत कम खिलाड़ी हैं जो तीनों फॉर्मेट खेलते हैं। बुमराह जैसे खिलाड़ी, जो सभी फॉर्मेट में सक्रिय हैं, उन्हें सबसे ऊंची श्रेणी में रखा जाएगा और उनकी सैलरी में कोई कटौती नहीं होगी।”
यदि ए श्रेणी के खिलाड़ियों को 7 करोड़ रुपये का भुगतान जारी रहता है, तो बी श्रेणी की भुगतान संरचना में बदलाव किया जा सकता है।
सभी फॉर्मेट में सक्रिय अन्य खिलाड़ी
बुमराह के अलावा, जो खिलाड़ी अभी भी तीनों फॉर्मेट में सक्रिय हैं, उनमें कलाई के स्पिनर कुलदीप यादव, ऑलराउंडर अक्षर पटेल और वॉशिंगटन सुंदर शामिल हैं। पिछले कॉन्ट्रैक्ट चक्र में अक्षर पटेल और कुलदीप यादव बी श्रेणी, जबकि वॉशिंगटन सुंदर सी श्रेणी में थे।
गौरतलब है कि अब हटाई जा रही ए+ श्रेणी को वर्ष 2018 में उस समय शुरू किया गया था, जब सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त प्रशासकों की समिति (COA) BCCI का संचालन कर रही थी।
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