ट्रेन में घर का खाना ले जाना तौबा-तौबा-तौबा..! लग सकता है जुर्माना..क्या आप भी करते हैं ऐसा?
ट्रेन में घर का खाना साथ ले जाना कभी-कभी परेशानी का कारण बन सकता है..यहां तक कि जुर्माना भी लग सकता है। इसलिए यात्रा के दौरान इस गलती से बचना जरूरी है, नहीं तो आपकी यात्रा महंगी..
ट्रेन में सफर के दौरान कई लोग टिकट के साथ ही खाना बुक कर लेते हैं और पूरे सफर में उसका आनंद लेते हैं, वहीं कुछ लोग घर का बना खाना साथ लेकर चलना पसंद करते हैं। हालांकि, घर का खाना साथ ले जाना कभी-कभी परेशानी का कारण बन सकता है..यहां तक कि जुर्माना भी लग सकता है। इसलिए यात्रा के दौरान इस गलती से बचना जरूरी है, नहीं तो आपकी यात्रा महंगी पड़ सकती है और मजा किरकिरा हो सकता है।
रेलवे स्टेशन परिसर में साफ-सफाई बनाए रखना न केवल पर्यावरण संरक्षण के लिए जरूरी है बल्कि यात्रियों की सुरक्षा के लिए भी अनिवार्य है। स्टेशन परिसर में गंदगी फैलाने की गलत आदत पर रोक लगाने के लिए सख्त निगरानी रखी जा रही है। इस अभियान के तहत लगातार कार्रवाई की जा रही है।
एक ही दिन में पूर्व रेलवे के विभिन्न स्टेशनों पर गंदगी फैलाने के कुल 1,447 मामले सामने आए, जिनमें ₹2,89,400 का जुर्माना वसूला गया। यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।
अगर डिवीजन के अनुसार बात करें..
- हावड़ा डिवीजन में 457 मामलों में ₹91,400 का जुर्माना वसूला गया।
- आसनसोल डिवीजन में 217 मामलों से ₹43,400 की वसूली हुई।
- मालदा डिवीजन में 158 मामलों में ₹31,600 का जुर्माना लगाया गया।
- सियालदह डिवीजन में 615 मामलों से ₹1,23,000 वसूले गए।
इन जुर्मानों का मुख्य उद्देश्य लोगों को जागरूक करना है। रेलवे परिसर में गंदगी फैलाना न केवल पर्यावरण के लिए हानिकारक है, बल्कि यह एक दंडनीय अपराध भी है।
इस अभियान के दौरान एक परिवार ट्रेन में घर का खाना लेकर यात्रा कर रहा था। उन्होंने रास्ते में खाना खाया लेकिन बचा हुआ कचरा अपनी सीट के पास ही छोड़ दिया। कुछ ही देर में रेलवे कर्मचारी वहां पहुंचे और उन पर जुर्माना लगा दिया गया। इसलिए, अगर आप भविष्य में घर का बना खाना लेकर यात्रा करने की योजना बना रहे हैं, तो विशेष सावधानी बरतें। रेलवे का कहना है कि हर यात्री की जिम्मेदारी है कि वह स्टेशन और ट्रेन में साफ-सफाई बनाए रखे और कहीं भी कचरा न फैलाए—वरना जुर्माना लगाया जाएगा।
What's Your Reaction?