यूपी में निजी क्षेत्र के कर्मचारियों से कराया हफ्ते में 48 घंटे से ज्यादा काम तो डबल पेमेंट
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उत्तर प्रदेश में किसी कारखाने या अधिष्ठान में कर्मचारियों को एक हफ्ते में 48 घंटे से अधिक काम नहीं कराया जाएगा। अगर इससे ज्यादा काम कराया जाता है तो हर अधिक घंटे के लिए सामान्य पारिश्रमिक का दोगुना भुगतान करना होगा। कैबिनेट बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यूपी व्यावसायिक सुरक्षा स्वास्थ्य एवं कार्य-शर्त संहिता नियमावली को मंजूरी दे दी है। कारखानों को अपने कर्मचारियों को हेल्थ चेकअप सहित कई अन्य सुविधाएं देनी होगी। नियमावली के अनुसार किसी भी कर्मचारी की कार्यअवधि एक दिन में 12 घंटे से अधिक नहीं हो सकेगी। इसमें उसके रेस्ट या लंच ब्रेक का टाइम भी शामिल है। हर पांच घंटे पर आधे घंटे का ब्रेक देना होगा।
नियुक्ति व परिचय पत्र होगा अनिवार्य
कर्मचारियों को नियुक्ति पत्र व परिचय पत्र देना अनिवार्य बनाया गया है। 45 साल से अधिक उम्र के कर्मचारियों का ऐसे कर्मचारी जो खतरनाक प्रकृति के काम में लगाए गए हैं उनका हर साल नि:शुल्क हेल्थ चेकअप कराना अनिवार्य होगा। दुर्घटना या खतरनाक घटना होने पर 24 घंटे के भीतर डीएम-एसपी या कारखाना इंस्पेक्टर को सूचना देनी होगी।
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