‘अफ़ग़ानिस्तान के साथ खड़ा है भारत’: भूकंप के बाद नई दिल्ली ने भेजी मदद, और राहत सामग्री देने का वादा

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने सोमवार को अफ़ग़ानिस्तान के विदेश मंत्री मावलवी आमिर खान मुत्ताक़ी से बातचीत की और देश में आए भीषण भूकंप पर शोक व्यक्त किया। इस 6.0 तीव्रता वाले भूकंप में अफ़ग़ानिस्तान के आंतरिक मंत्रालय के अनुसार 800 से अधिक लोगों की मौत..

‘अफ़ग़ानिस्तान के साथ खड़ा है भारत’: भूकंप के बाद नई दिल्ली ने भेजी मदद, और राहत सामग्री देने का वादा
02-09-2025 - 12:54 PM

नयी दिल्ली। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने सोमवार को अफ़ग़ानिस्तान के विदेश मंत्री मावलवी आमिर खान मुत्ताक़ी से बातचीत की और देश में आए भीषण भूकंप पर शोक व्यक्त किया। इस 6.0 तीव्रता वाले भूकंप में अफ़ग़ानिस्तान के आंतरिक मंत्रालय के अनुसार 800 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है।

जयशंकर ने जानकारी दी कि भारत ने 1,000 पारिवारिक टेंट काबुल पहुँचाए हैं और भारतीय मिशन द्वारा 15 टन खाद्य सामग्री काबुल से कुनार प्रांत भेजी जा रही है। उन्होंने कहा कि मंगलवार से भारत से और राहत सामग्री भेजी जाएगी।

जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म X पर लिखा, आज अफ़ग़ान विदेश मंत्री मावलवी आमिर खान मुत्ताक़ी से बातचीत की। भूकंप में जान गंवाने वालों के प्रति संवेदनाएँ व्यक्त कीं। भारत ने आज काबुल में 1,000 पारिवारिक टेंट पहुँचाए हैं। 15 टन खाद्य सामग्री भारतीय मिशन द्वारा तुरंत काबुल से कुनार भेजी जा रही है। कल से भारत से और राहत सामग्री भेजी जाएगी। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूँ। इस कठिन समय में भारत अफ़ग़ानिस्तान के साथ खड़ा है।

इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी भूकंप में हुई जनहानि पर गहरा दुख जताते हुए कहा था, अफ़ग़ानिस्तान में आए भूकंप से हुई जानमाल की हानि से गहरा दुख हुआ। इस कठिन घड़ी में हमारी संवेदनाएँ शोकसंतप्त परिवारों के साथ हैं। हम घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं। भारत हर संभव मानवीय सहायता और राहत देने के लिए तैयार है।

अफ़ग़ानिस्तान के दुर्गम पहाड़ी इलाक़ों में राहत और बचाव टीमें मलबे में दबे लोगों तक पहुँचने की कोशिश कर रही हैं। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वे (USGS) के अनुसार, भूकंप का केंद्र नंगरहार प्रांत के जलालाबाद के पास था। इसके थोड़ी देर बाद 4.7 तीव्रता का एक आफ्टरशॉक भी दर्ज किया गया।

अफ़ग़ान स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता शराफ़त ज़मान ने कहा, मृतकों और घायलों की संख्या बहुत अधिक है, लेकिन क्षेत्र दुर्गम होने के कारण हमारी टीमें अभी भी मौके पर काम कर रही हैं।

कुनार आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने जानकारी दी कि नूर गुल, सोकी, वाटपुर, मानोगी और चपदरे जिलों में मौतें और घायलों की घटनाएँ दर्ज की गई हैं।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

THE NEWS THIKANA, संपादकीय डेस्क यह द न्यूजठिकाना डॉट कॉम की संपादकीय डेस्क है। डेस्क के संपादकीय सदस्यों का प्रयास रहता है कि अपने पाठकों को निष्पक्षता और निर्भीकता के साथ विभिन्न विषयों के सच्चे, सटीक, विश्वसनीय व सामयिक समाचारों के अलावाआवश्यक उल्लेखनीय विचारों को भी सही समय पर अवगत कराएं।