आरबीआई 30 अरब डॉलर के वित्त वर्ष 2024-25 के बहिर्गमन के बीच प्रेषण योजना की समीक्षा करेगा

भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम (LRS) की व्यापक समीक्षा कर रहा है, जिसके अंतर्गत वित्त वर्ष 2024-25 में लगभग 30 अरब डॉलर का बहिर्गमन हुआ है..

आरबीआई 30 अरब डॉलर के वित्त वर्ष 2024-25 के बहिर्गमन के बीच प्रेषण योजना की समीक्षा करेगा
31-05-2025 - 09:40 AM
22-04-2026 - 05:53 PM

मुंबई। भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम (LRS) की व्यापक समीक्षा कर रहा है, जिसके अंतर्गत वित्त वर्ष 2024-25 में लगभग 30 अरब डॉलर का बहिर्गमन हुआ है। यह कदम इस योजना को युक्तिसंगत बनाने और भारतीय रुपये को अंतरराष्ट्रीय मुद्रा के रूप में बढ़ावा देने के उद्देश्य से उठाया गया है।

आरबीआई इस योजना के अंतर्गत आने वाले कानूनी ढांचे, वार्षिक सीमा, अनुमत प्रयोजनों और भुगतान के तरीकों की समग्र समीक्षा कर रहा है। वर्तमान में संशोधित ढांचे और विदेशी मुद्रा नियमों में बदलाव की प्रक्रिया जारी है।

इसी तरह की समीक्षा मनी ट्रांसफर सर्विस स्कीम और रुपी ड्रॉइंग अरेंजमेंट स्कीम के लिए भी चल रही है, जिनका उद्देश्य अनुमत लेनदेन का दायरा बढ़ाना और दिशानिर्देशों को सरल बनाना है। आरबीआई का जोर अब सिद्धांत-आधारित नियमन (principle-based regulation) और अनुपालन के बोझ को कम करने पर है।

पिछले संशोधन में आरबीआई ने नागरिकों को विदेशी मुद्रा निवेश को इंटरनेशनल फाइनेंस सेंटर (जैसे GIFT सिटी) के माध्यम से करने की अनुमति दी थी।

वार्षिक रिपोर्ट 2024-25 की प्रमुख बातें

  • आरबीआई ने अपनी 2024-25 की वार्षिक रिपोर्ट में कहा कि विदेशी मुद्रा प्रबंधन संबंधी नियमों को व्यवसाय की बदलती आवश्यकताओं के अनुसार सुधारा गया है ताकि 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' को बढ़ावा दिया जा सके और रुपये को वैश्विक स्तर पर बढ़ावा दिया जा सके।
  • रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि बैंकों के लिए एक्सपेक्टेड क्रेडिट लॉस (ECL) ढांचे को औपचारिक रूप देने और विनियमित संस्थाओं द्वारा वित्तीय उत्पादों की मिस-सेलिंग को रोकने के लिए दिशानिर्देश तैयार किए जा रहे हैं — जिसमें थर्ड-पार्टी ऑफरिंग्स भी शामिल हैं।

ये सभी प्रयास RBI की व्यापक रणनीति का हिस्सा हैं, जिसका उद्देश्य वित्तीय क्षेत्र की मजबूती को बढ़ाना है, विशेषकर प्रौद्योगिकी, साइबर खतरों और जलवायु परिवर्तन से उत्पन्न हो रहे जोखिमों को ध्यान में रखते हुए।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

THE NEWS THIKANA, संपादकीय डेस्क यह द न्यूजठिकाना डॉट कॉम की संपादकीय डेस्क है। डेस्क के संपादकीय सदस्यों का प्रयास रहता है कि अपने पाठकों को निष्पक्षता और निर्भीकता के साथ विभिन्न विषयों के सच्चे, सटीक, विश्वसनीय व सामयिक समाचारों के अलावाआवश्यक उल्लेखनीय विचारों को भी सही समय पर अवगत कराएं।