राजस्थान में सीएम को लेकर फिर तकरार तेज ! बालकनाथ को दिल्ली बुलाया तो वसुंधरा के घर पर जुटे 20 विधायक
<p><em><strong>भारतीय जनता पार्टी की ओर से राजस्थान विधानसभा चुनाव-2023 जीतने के बाद सीएम रेस तेज हो गई है। पार्टी ने चुनाव जीतने के बाद बाबा बालकनाथ को दिल्ली बुलाया है। इधर, वसुंधरा राजे के घर पर भी विधायकों का जुटना शुरू हो गया है, जिससे सियासी पारा चढ़ा हुआ है।</strong></em></p>
राजस्थान विधानसभा चुनाव में बीजेपी को मिली प्रचंड जीत के बाद अब मुख्यमंत्री को लेकर रेस तेज हो गई है। बताया जा रहा है कि बीजेपी के चुनाव जीतने के बाद पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व ने राजस्थान के योगी कहे जाने वाले बाबा बालकनाथ को दिल्ली बुलाया है। इधर, वसुंधरा राजे के घर पर भी विधायकों के जुटना शुरू हो गया है। बीजेपी की ओर से सीएम कौन होगा, फिलहाल तय नहीं है, लेकिन पार्टी नेताओं के बीच बढ़ी हलचल यह बता रही है कि सीएम की कुर्सी के लिए पार्टी में तकरार बढ़ सकती है।
ये विधायक पहुंचे मिलने
पूर्व सीएम वसुंधरा राजे से मिलने के लिए उनके आवास पर उनके करीबी विधायक और पूर्व चिकित्सा मंत्री कालीचरण सराफ के अलावा दूसरे भी कई नेता पहुंचे हैं। इनमें बाबू सिंह राठौड़, प्रेमचंद बैरवा, बीजेपी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी सहित कई बड़े नेता शामिल हैं। इसके अलावा झालावाड़ के मनोहरपुर थाना विधायक गोविन्द रानीपुरीया, किशनगंज विधायक ललित मीणा, अंता विधायक कंवरलाल मीणा, बारां विधायक राधेश्याम बैरवा, डग से जीते कालूलाल मीणा भी सिविल लाइन उनके आवास पर पहुंचे हैं। इसके अलावा गुढ़ामलानी विधायक के के विश्नोई, पुष्कर विधायक सुरेश रावत, बांदीकुई विधायक भागचंद टाकड़ा भी पहुंचे हैं।
चौंका सकता है बीजेपी हाईकमान का फैसला
राजस्थान में सीएम पद को लेकर तेज हुई रेस में सात से आठ ऐसे बड़े नाम हैं, जिनकी चर्चा जमकर हो रही है। पार्टी की ओर से इस बार मोदी के नाम पर चुनाव लड़ा गया था। चुनाव से पहले मुख्यमंत्री के नाम की घोषणा नहीं की गई थी। चुनाव जीतने के बाद कहा जा रहा है कि विधायकों की बैठक के बाद जिनके नामों का सुझाव आएगा, उस पर पार्टी फैसला कर मुख्यमंत्री का चेहरा तय कर देगी। ऐसे में माना जा रहा है कि बीजेपी हाईकमान का फैसला चौंकाने वाला होगा।
What's Your Reaction?