हनुमान जन्मोत्सव पर सुरक्षा देकर विश्वास बहाली करे ममता सरकार:कलकत्ता हाईकोर्ट का निर्देश, केंद्रीय गृह मंत्रालय ने भी राज्यों को सुरक्षा संबंधी एडवाइजरी जारी की
<p><em><strong>केंद्रीय गृह मंत्रालय ने हनुमान जन्मोत्सव की तैयारी को लेकर सभी राज्यों को एडवाइजरी जारी की है। केंद्रीय मंत्री गृह मंत्री अमित ने ट्वीट कर कहा सरकारों को कानून और व्यवस्था बनाए रखें,तो वही हाई कोर्ट ने ममता सरकार को सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। </strong></em></p> <p> <img alt="" src="https://www.newsthikana.com/uploads/news/1680688835amitshah.png" /></p>
देशभर में कल यानी 6 अप्रैल को मनाये जाने वाले हनुमान जन्मोत्सव को लेकर केंद्र समेत सभी राज्यों को एडवाइजरी जारी की। इसके तहत राज्य सरकारों को कानून व्यवस्था बनाए रखने, त्योहार का शांतिपूर्ण पालन करने और समाज में सांप्रदायिक सद्भाव को बिगाड़ने वाले किसी भी कारक की निगरानी सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है, ताकि देशभर में हनुमान जन्मोत्सव के मौके पर किसी भी तरह की गड़बड़ी ना पैदा हो पाए।
सुरक्षा देकर विश्वास बहाली करे ममता सरकार
वही , हाई कोर्ट ने प० बंगाल सरकार से पूछा कि आगामी हनुमान जन्मोत्सव को देखते हुए राज्य में शांति सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं? हाईकोर्ट ने कहा कि 'ममता सरकार ये सुनिश्चित करें कि हनुमान जन्मोत्सव के दौरान निकाले जाने वाले जुलूस में कानून और व्यवस्था की ऐसी स्थिति पैदा नहीं होनी चाहिए। जिन इलाकों में सरकार धारा 144 लगाती है उन इलाकों से किसी भी कीमत में जुलूस नहीं निकलना चाहिए। अगर व्यवस्था को संभालने में राज्य सरकार सक्षम नहीं है तो उन इलाकों में केंद्रीय बलों की तैनाती की जानी चाहिए'। अदालत ने राज्य सरकार से कहा कि वह राज्य में विश्वास बहाली के लिए अर्धसैनिक बलों की तैनाती का अनुरोध कर सकती है।आप शोभायात्रा के रास्तों पर बैरिकेड्स लगाइए। पुलिस शांति मार्च निकाल सकती है ताकि लोगों को यह लगे कि वह सुरक्षित हैं'।
जजों के घरों के पास हुए थे दंगे
रामनवमी को लेकर हुई हिंसा पर ममता सरकार से कोर्ट ने कहा- 'आप कह रहे हैं कि कुछ लोगों को गिरफ्तार किया है। हमारे पास कुछ जजों के खत आए हैं। उन्होंने कहा कि 'उनके घरों के पास दंगा हो रहा है। तब क्या होगा, जब ऐसा ही माहौल कोर्ट परिसर के भीतर भी हो जाए। कुछ तो करना होगा।
बता दें कि हनुमान जन्मोत्सव पर देशभर में कई कार्यक्रम और जुलूस आयोजित किए जाएंगे जिन्हें लेकर केंद्र सरकार ने राज्यों को निर्देश जारी किए है। रामनवमी पर बिहार और पश्चिम बंगाल के कई जिलों में हिंसा के बाद से केंद्र सरकार अब अलर्ट मोड पर है। पिछले दिनों रामनवमी पर कई राज्यों में हिंसा देखने को मिली। जहां महाराष्ट्र, बिहार, यूपी, बंगाल अन्य में कई लोग घायल हुए और करीब 80 लोगों को गिरफ्तार किया गया था ।
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