‘भूमि विवाद के बीच कांग्रेस छोड़ने के अगले ही दिन भूपेन बोरा ने हिमंत के सामने किया आत्मसमर्पण’: गौरव गोगोई

18 फरवरी को असम की राजनीति में नया तनाव तब पैदा हुआ, जब कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा पर आरोप लगाया कि उन्होंने पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा के भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने की पटकथा रची..

‘भूमि विवाद के बीच कांग्रेस छोड़ने के अगले ही दिन भूपेन बोरा ने हिमंत के सामने किया आत्मसमर्पण’: गौरव गोगोई
19-02-2026 - 09:26 AM

18 फरवरी को असम की राजनीति में नया तनाव तब पैदा हुआ, जब कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा पर आरोप लगाया कि उन्होंने पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा के भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने की पटकथा रची। गोगोई का दावा है कि यह कदम भूमि स्वामित्व से जुड़े सवालों से ध्यान भटकाने के लिए उठाया गया।

प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए गोगोई ने कहा कि बोरा का भाजपा में जाना राजनीतिक गलियारों में लंबे समय से चल रही आशंकाओं की पुष्टि करता है। उन्होंने बताया कि हिमंत बिस्वा सरमा और भूपेन बोरा के बीच “करीबी रिश्ते” को लेकर काफी समय से चर्चाएं थीं।

गोगोई ने कहा, हिमंत बिस्वा सरमा और भूपेन बोरा के करीबी संबंधों को लेकर कई अफवाहें थीं। हमने इन अफवाहों और अटकलों पर भरोसा न करने की पूरी कोशिश की।”

उन्होंने यह भी जोड़ा कि पार्टी के भीतर अक्सर यह सवाल उठते रहे हैं कि “गोपनीय बैठकों की जानकारी आखिर कैसे एक ऐसे पत्रकार तक पहुंच जाती थी, जो हिमंत बिस्वा सरमा के करीबी माने जाते हैं।”

गोगोई ने आरोप लगाया कि कांग्रेस से इस्तीफा देने के महज एक दिन बाद ही बोरा का भाजपा में शामिल होना गंभीर सवाल खड़े करता है। उन्होंने कहा, “कांग्रेस से इस्तीफा देने के अगले ही दिन भूपेन बोरा बिना किसी संकोच के भाजपा में शामिल हो गए और हिमंत बिस्वा सरमा के सामने आत्मसमर्पण कर दिया।”

इस घटनाक्रम को एक बड़े विवाद से जोड़ते हुए गोगोई ने दावा किया कि यह मुख्यमंत्री की “हताशा” को दर्शाता है। उन्होंने टिप्पणी की, आज पूरा राज्य यह सोच रहा है कि आखिर एक ही परिवार के पास 4,000 एकड़ जमीन कैसे हो सकती है। यह टिप्पणी सरमा की कथित रियल एस्टेट संपत्तियों से जुड़े आरोपों की ओर इशारा करती है।

गोगोई के अनुसार, कांग्रेस ने अपने राजनीतिक कार्यक्रमों के जरिए “हिमंत बिस्वा सरमा के रियल एस्टेट साम्राज्य” को सफलतापूर्वक उजागर किया है। उनका कहना था कि बोरा का भाजपा में जाना जनता का ध्यान इन आरोपों से हटाने की कोशिश है।

उन्होंने जोर देकर कहा, इससे कांग्रेस पार्टी के अभियान पर कोई असर नहीं पड़ेगा। हम संघर्ष जारी रखेंगे और हिमंत बिस्वा सरमा को सत्ता की कुर्सी से हटाकर रहेंगे।”

ये बयान उस घोषणा के एक दिन बाद आए हैं, जिसमें सरमा ने बताया था कि बोरा 22 फरवरी को औपचारिक रूप से भाजपा में शामिल होंगे, इससे पहले उन्होंने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) से इस्तीफा दे दिया था। इस घटनाक्रम को इस साल होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले असम की राजनीति में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

THE NEWS THIKANA, संपादकीय डेस्क यह द न्यूजठिकाना डॉट कॉम की संपादकीय डेस्क है। डेस्क के संपादकीय सदस्यों का प्रयास रहता है कि अपने पाठकों को निष्पक्षता और निर्भीकता के साथ विभिन्न विषयों के सच्चे, सटीक, विश्वसनीय व सामयिक समाचारों के अलावाआवश्यक उल्लेखनीय विचारों को भी सही समय पर अवगत कराएं।