NEET-UG पेपर लीक मामला: प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने में मदद के आरोप में पुणे पुलिस ने महिला को किया गिरफ्तार
NEET-UG परीक्षा पेपर लीक मामले में पुणे पुलिस ने बुधवार को एक महिला को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि उसने एक छात्र को परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र तक पहुंच दिलाने में मदद की..
NEET-UG परीक्षा पेपर लीक मामले में पुणे पुलिस ने बुधवार को एक महिला को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि उसने एक छात्र को परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र तक पहुंच दिलाने में मदद की थी।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार महिला की पहचान मनीष वाघमारे के रूप में हुई है, जो पुणे में एक ब्यूटी पार्लर चलाती है। उसे बुधवार सुबह हिरासत में लिया गया। अधिकारियों का कहना है कि वह पेपर लीक नेटवर्क से जुड़े लोगों के संपर्क में आई थी और कथित तौर पर लीक सामग्री तक पहुंच उपलब्ध कराने में भूमिका निभाई।
यह गिरफ्तारी इसी मामले में नासिक में हुई एक अन्य हिरासत के बाद की गई है।
लातूर के कोचिंग सेंटरों पर भी जांच की आंच
जांच के दौरान पुलिस को लातूर के कुछ कोचिंग संस्थानों से संभावित संबंधों के संकेत भी मिले हैं। पुलिस के मुताबिक, 12 मई को एक अभिभावक ने शिकायत दर्ज कराई थी कि एक निजी कोचिंग संस्थान के मॉक टेस्ट के 42 प्रश्न, 3 मई को आयोजित NEET-UG परीक्षा में हूबहू पूछे गए।
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि यह संयोग नहीं हो सकता और इससे पेपर लीक से संभावित संबंध की आशंका पैदा होती है।
इसके अलावा पुलिस ने बताया कि महाराष्ट्र के कुछ कोचिंग सेंटरों द्वारा आयोजित मॉक टेस्ट के लगभग 120 प्रश्न अंतिम परीक्षा में भी पाए गए। इसके बाद कोचिंग संस्थानों और पेपर लीक गिरोह के बीच बड़े नेटवर्क की संभावना की जांच शुरू कर दी गई है।
CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस
Amol Tambe ने कहा कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और जांच की निगरानी के लिए डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस Samarjeet Salve को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
उन्होंने बताया कि एक निजी कोचिंग सेंटर से जुड़े छह लोगों से पूछताछ की जा चुकी है। साथ ही विभिन्न कोचिंग संस्थानों के CCTV फुटेज की भी जांच की जा रही है। अमोल तांबे ने कहा, “साक्ष्य मिलने के बाद और अधिक जानकारी सामने लाई जाएगी।”
फडणवीस बोले, दोषियों को नहीं बख्शा जाएगा
इस बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis ने कहा कि राज्य पुलिस इस मामले की जांच में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को पूरा सहयोग दे रही है।
उन्होंने कहा, “NEET-UG परीक्षा का पेपर लीक बेहद गंभीर मामला है। छात्र कड़ी मेहनत करते हैं और ऐसे पेपर लीक होना ठीक नहीं है। पुलिस मामले की जड़ तक जाएगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।”
छात्रों और अभिभावकों में बढ़ी चिंता
लगातार सामने आ रहे खुलासों ने छात्रों और अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। खासकर कोचिंग संस्थानों के मॉक टेस्ट और वास्तविक परीक्षा के प्रश्नों में समानता ने परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि क्या पेपर लीक का नेटवर्क केवल कुछ व्यक्तियों तक सीमित था या फिर इसमें कोचिंग संस्थानों और अन्य संगठित गिरोहों की भी भूमिका थी।
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