पर्यावरण के अनुरूप जीवन शैली अपनाने का आह्वान
रविवार, 8 फरवरी 2026 को लालरपुरा आयोजन समिति के तत्वावधान में विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन महाराणा प्रताप मार्ग स्थित विनायक बाग में भव्य रूप से किया गया। सम्मेलन में क्षेत्र के विभिन्न स्थानों से मातृशक्ति द्वारा कलश यात्राएँ निकाली गईं, जो विनायक बाग पहुँचकर एक विशाल शोभायात्रा के रूप में परिवर्तित..
जयपुर। रविवार, 8 फरवरी 2026 को लालरपुरा आयोजन समिति के तत्वावधान में विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन महाराणा प्रताप मार्ग स्थित विनायक बाग में भव्य रूप से किया गया। सम्मेलन में क्षेत्र के विभिन्न स्थानों से मातृशक्ति द्वारा कलश यात्राएँ निकाली गईं, जो विनायक बाग पहुँचकर एक विशाल शोभायात्रा के रूप में परिवर्तित हो गईं।
सम्मेलन में लगभग 800 लोगों की उपस्थिति रही। मंच से नन्हे-नन्हे बच्चों द्वारा झाँकियाँ, युद्ध कला, तलवारबाजी एवं दंड प्रहार का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया गया, जिसे उपस्थित जनसमूह ने खूब सराहा। राजेंद्र वांचू एवं उनकी टीम द्वारा प्रस्तुत जोशीले गीत से वहीं अंजनी सिंह की शिष्याओं ने उत्कृष्ट नृत्य से वातावरण को देशभक्ति और सांस्कृतिक चेतना से भर दिया।
मुख्य वक्ता अशोक जी ने पर्यावरण कथा में वृक्षों के विशिष्ट महत्व को गीतों के माध्यम से वर्णित किया। बरगद से दीर्घ आयु, पीपल से प्राण वायु, गुगल से समृद्धि के बारे में बताया। आर्श गुरुकुल के संत ब्रह्म परमानंद जी ने हिंदू एकता एवं संस्कृति अनुसार जीवन हेतु प्रेरित किया। उन्होंने पर्यावरण अनुकूल जीवन जीने का आह्वान किया।
आयोजन समिति के संयोजक अखिलेश जाकड़ ने बताया कि सम्मेलन के समापन पर सामूहिक हनुमान चालीसा का पाठ किया गया तथा प्रसाद वितरण किया गया। साथ ही बच्चों की उत्कृष्ट प्रस्तुतियों के लिए उन्हें पुरस्कारों से सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का मंच संचालन जिज्ञा गांधी एवं सचिन भारद्वाज द्वारा किया गया। समिति के संरक्षक बनवारी लाल नटिया ने उपस्थित सभी अतिथियों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।
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