ओवैसी की कांग्रेस दुविधा: जुबली हिल्स उपचुनाव में कांग्रेस को समर्थन लेकिन बिहार में अकेले उतरी AIMIM
एआईएमआईएम (AIMIM) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आधिकारिक रूप से घोषणा की है कि उनकी पार्टी तेलंगाना के जुबली हिल्स विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार नवीन यादव का समर्थन करेगी। इसके विपरीत बिहार में AIMIM ने ‘महागठबंधन’ से अलग होकर अकेले चुनाव लड़ने का फैसला ..
हैदराबाद/पटना। एआईएमआईएम (AIMIM) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने आधिकारिक रूप से घोषणा की है कि उनकी पार्टी तेलंगाना के जुबली हिल्स विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार नवीन यादव का समर्थन करेगी। इसके विपरीत बिहार में AIMIM ने ‘महागठबंधन’ से अलग होकर अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया है।
जुबली हिल्स उपचुनाव 11 नवंबर को होना है, जिसमें कांग्रेस के नवीन यादव, बीआरएस की मगंती सुनीता और भाजपा के लंकाला दीपक रेड्डी के बीच त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिलेगा।
समर्थन की घोषणा करते हुए ओवैसी ने कहा कि उनकी पार्टी ने कांग्रेस का समर्थन इसलिए किया है क्योंकि इस उपचुनाव के नतीजे से राज्य की सरकार पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा।
उन्होंने कहा, “हम जुबली हिल्स की जनता से अपील करते हैं कि इस चुनाव के नतीजे से सरकार नहीं बदलेगी। पिछले दस वर्षों से बीआरएस को समर्थन देने वाले लगभग चार लाख मतदाताओं से मैं अनुरोध करता हूँ कि अब युवा और विकासोन्मुख उम्मीदवार नवीन यादव को वोट दें।”
यह उपचुनाव बीआरएस विधायक मगंती गोपीनाथ के जून 2025 में हृदयाघात से निधन के बाद खाली हुई सीट पर कराया जा रहा है।
बिहार में ओवैसी की ‘कांग्रेस दुविधा’
जहाँ तेलंगाना में ओवैसी की पार्टी ने कांग्रेस को समर्थन दिया है, वहीं बिहार में AIMIM ने ‘महागठबंधन’ से अलग होकर अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया है।
AIMIM ने 243 सीटों वाली बिहार विधानसभा के लिए 25 उम्मीदवारों की सूची जारी की है, जिससे यह साफ हो गया कि पार्टी किसी गठबंधन के बिना मैदान में उतरेगी।
ओवैसी की इस रणनीति ने कांग्रेस और राजद दोनों को असहज स्थिति में डाल दिया है।
पार्टी ने पिछले विधानसभा चुनाव (2020) में 5 सीटें जीती थीं।
कांग्रेस नेता उदित राज ने AIMIM पर तीखा हमला करते हुए कहा, “कुछ मुस्लिम नेता अपने निजी लाभ के लिए भाजपा की ‘बी टीम’ बन रहे हैं। क्या ओवैसी बिहार में सरकार बनाने जा रहे हैं? नहीं, वे तो चुनाव इसलिए लड़ रहे हैं ताकि भाजपा सरकार बना सके।”
ओवैसी ने जवाब में कहा कि उनकी पार्टी ने राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव दोनों को पत्र लिखकर यह प्रस्ताव दिया था कि वे INDIA गठबंधन के साथ चुनाव लड़ना चाहते हैं, लेकिन राजद की ओर से कोई जवाब नहीं मिला।
जारी सूची के अनुसार, AIMIM ने जिन 25 सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं, वे ज्यादातर सीमांचल क्षेत्र की हैं — बिहार का उत्तर-पूर्वी बाढ़-प्रभावित इलाका, जहाँ मुस्लिम आबादी का अनुपात सबसे अधिक है।
पार्टी ने पिछले चुनाव में 19 सीटों पर उम्मीदवार उतारे थे, और वे सभी सीटें सीमांचल क्षेत्र से थीं।
इस तरह तेलंगाना में कांग्रेस के साथ और बिहार में अकेले चुनाव लड़ने का ओवैसी का निर्णय उनकी राजनीतिक रणनीति में द्वंद्व (Congress conundrum) को उजागर करता है — एक ओर विपक्षी एकता को समर्थन का संकेत, और दूसरी ओर क्षेत्रीय स्वतंत्रता की राजनीतिक पहचान को मजबूत करने की कोशिश।
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