आधी रात, छोटा विमान, ट्रेन का सफर... आखिर कैसे पहुंचे अमेरिकी राष्ट्रपति यूक्रेन..! जानिए मोस्ट सीक्रेट मिशन की पूरी कहानी..

<p><em><strong>अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने युद्धग्रस्त यूक्रेन की औचक यात्रा पर पहुंचकर रूस ही नहीं, पूरी दुनिया को चौंका दिया। लेकिन, यह इतना आसान भी नहीं था।&nbsp;बाइडन की&nbsp;कीव यात्रा को बेहद गोपनीय रखा गया था।&nbsp;</strong></em></p>

आधी रात, छोटा विमान, ट्रेन का सफर... आखिर कैसे पहुंचे अमेरिकी राष्ट्रपति यूक्रेन..! जानिए मोस्ट सीक्रेट मिशन की पूरी कहानी..
22-02-2023 - 08:29 PM
21-04-2026 - 12:04 PM

एक मीडिया रिपोर्ट की माने तो बाइडन का यह दौरा एक सीक्रेट मिशन की तरह अंजाम दिया गया। अभियान तब शुरू हुआ जब बाइडन रविवार, 19 फरवरी को तड़के एक अमेरिकी सैन्य विमान में सवार हुए। यह विमान वायुसेना का बोइंग 757 था, जिसे सी-32 के रूप में जाना जाता है। यह अमेरिकी राष्ट्रपतियों द्वारा आमतौर पर उपयोग किए जाने वाले विमान एयरफोर्स वन का एक छोटा संस्करण है। 
बोर्डिंग प्वाॅइंट से काफी दूर पार्क किया
उस जगह से बहुत दूर खड़ा था, जहां बिडेन आमतौर पर चढ़ते थे और इसकी सभी खिड़कियों के कवर डाउन कर दिए गए थे। इस विमान में बाइडेन आधी रात को सवार हुए और वाॅशिंगटन से जर्मनी के रामस्टीन तक करीब सात घंटे की उड़ान भरी।
जर्मनी में भरा गया जहाज में ईंधन
रामस्टीन में स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डे तक लगभग सात घंटे की उड़ान के बाद इसमें ईंधन भरा गया। ईंधन भरते समय भी विमान की खिड़की के कवर नीचे रखे गए थे और कोई भी विमान से नहीं उतरा। इसके बाद बाइडन यूक्रेन की सीमा के पास स्थित पोलिश ट्रेन स्टेशन प्रजेमिसल ग्लोनी के लिए रवाना हो गए। करीब 10 घंटे की लंबी रेलयात्रा के बाद, ट्रेन ने कीव में प्रवेश किया।
कौन-कौन था बाइडेन के साथ
धमाकों से दहलते, मिसाइलों की मार से जल रहे इस युद्ध क्षेत्र में अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ मुट्ठीभर सुरक्षाकर्मी, एक छोटी चिकित्सा टीम, करीबी सलाहकार और दो पत्रकार, जिन्होंने गोपनीयता की शपथ ली थी, मौजूद रहे। आम तौर पर अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ जाने वाले रेडियो, टीवी, फोटो और लिखित प्रेस संगठनों के 13 पत्रकारों के सामान्य पूल को एक फोटोग्राफर और एक लेखक तक सीमित कर दिया गया था।
बोर्डिंग से पहले ही जब्त किए फोन
वॉल स्ट्रीट जर्नल के रिपोर्टर ने खुलासा किया कि उनके फोन वाॅशिंगटन में बोर्डिंग पॉइंट पर पहुंचते ही जब्त कर लिए गए थे और अमेरिकी राष्ट्रपति के कीव में उतरने तक उन्हें वापस नहीं किया गया था।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

THE NEWS THIKANA, संपादकीय डेस्क यह द न्यूजठिकाना डॉट कॉम की संपादकीय डेस्क है। डेस्क के संपादकीय सदस्यों का प्रयास रहता है कि अपने पाठकों को निष्पक्षता और निर्भीकता के साथ विभिन्न विषयों के सच्चे, सटीक, विश्वसनीय व सामयिक समाचारों के अलावाआवश्यक उल्लेखनीय विचारों को भी सही समय पर अवगत कराएं।