कुख्यात गैंग के सदस्यों और पेपर लीक के आरोपियों पर 1-1 लाख रुपये का इनाम
<p>गैंगस्टर रोहित गोदारा, रितिक बॉक्सर के अलावा सेकंड ग्रेड टीचर भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में वांछित आरोपी भूपेंद्र सारण और सुरेश ढाका की गिरफ्तारी के लिए पुलिस मुख्यालय की ओर से 1-1 लाख रुपये के इनाम की घोषणा की गई है।<br /> </p>
डीजीपी राजस्थान उमेश मिश्रा ने बताया कि कुख्यात गैंगस्टर रोहित गोदारा और उसके साथी रितिक बॉक्सर द्वारा आमजन में दहशत फैलाने के उद्देश्य से आपराधिक घटनाएं कर व्यापारियों से फिरौती की मांग की जा रही थी। इसके अलावा हाल ही में आयोजित सेकंड ग्रेड टीचर परीक्षा पेपर लीक मामले में दो मुख्य अभियुक्तों की गिरफ्तारी भी अब तक नहीं हो पाई है।
डीजीपी श्री मिश्रा ने बताया कि इसी संदर्भ में कुख्यात बदमाश रोहित गोदारा व उसके साथी रितिक बॉक्सर के अलावा पेपर लीक मामले में फरार आरोपी भूपेंद्र सारण और सुरेश ढाका की गिरफ्तारी के लिए एक-एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया है। उल्लेखनीय है कि पेपर लीक प्रकरण में पूर्व में एडीजी क्राइम द्वारा दोनों आरोपियों पर 25-25 हजार रुपयों का इनाम घोषित किया गया था |
उधर, पेपर लीक प्रकरणों में उच्च न्यायालय जोधपुर में अभियुक्तो के जमानत मुचलके निरस्त कराने के लिए पेश याचिका स्वीकार कर ली गयी है और अभियुक्तों को नोटिस जारी किया गया है । एसपी विकास कुमार शर्मा ने बताया कि 24 दिसम्बर, 2022 को आरपीएससी. द्वारा आयोजित सैकण्ड ग्रेड परीक्षा के सामान्य ज्ञान के प्रथम प्रश्न पत्र को परीक्षा से पूर्व लीक करने वाले के खिलाफ थाना सुखेर व थाना बेकरिया पर दर्ज हुआ था। अनुसंधान के बाद दोनो प्रकरणो मे अभियुक्तों को न्यायालय मे पेश कर न्यायिक अभिरक्षा मे भिजवाया गया था।
उन्होंने बताया कि अब माननीय अपर सेशन न्यायालय क्रम संख्या 01 उदयपुर द्वारा अभियुक्तों की जमानत स्वीकार कर ली गयी। यह बहुत ही संवेदनशील मामला होने व इस चेन से जुड़े बिचौलियो व मुख्य आरोपियो व जिसने पेपर आउट करवाया उन तक पहुंचना आवश्यक है। इसके अलावा नकल गिरोह, सिस्टम को तोड़ने व कड़ी से कड़ी से जोड़ने के लिए अभियुक्तों के जमानत मुचलके निरस्त कराने के उद्देश्य से बुधवार, 1 फरवरी को जोधपुर उच्च न्यायालय में याचिका दी गई। इसके लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण मुकेश सांखला ओर अतिरिक्त पुलिसअधीक्षक शहर चन्द्रशील ठाकुर (उदयपुर) जोधपुर पहुंचे। दोनो प्र्रकरणों में अपर सेशन न्यायालय क्रसं. 01 उदयपुर द्वारा अभियुक्तगण की स्वीकार की गई जमानत को निरस्त कराने के लिए रिर्पोट पेश की। इस याचिका पर उच्च न्यायालय द्वारा दोनों प्रकरणो मे गिरफतार अभियुक्तगणों को नोटिस को जारी कर दो सप्ताह मे जबाब पेश करने के आदेश जारी किये है।
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