साक्षी मालिक ने पति संग वीडियो जारी कर आरोपों पर दी सफाई..लोग बोले अब भोले मत बनो,बंद करोआंदोलन ,देखें video
<p>भारतीय कुश्ती संघ के निवर्तमान अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ चार्जशीट दाखिल होने के बाद पहली बार विरोध कर रहे पहलवानों के खेमे से प्रतिक्रिया आयी है साक्षी मालिक ने अपने पति सत्यव्रत कादियान के साथ सोशल मीडिया पर TheTruth कैप्शन के साथ एक वीडियो जारी किया ,जिसमे उन्होंने आंदोलन के विषय में पहलवानो पर लग रहे तमाम तरह के आरोपों पर सफाई दी और कुछ खुलासे भी किये। लेकिन जवाब में नेटिजन्स सिरे से उनकी बातों को नकारते और अब इस आंदोलन को बंद करने की सलाह देते नज़र आये।</p> <p><strong><a href="https://www.newsthikana.com/post/brij-bhushan-chargesheet-wrestlers-keep-mum-on-next-bet-rv33763">बृजभूषण पर चार्जशीट: अगले दांव पर पहलवानों ने साधी चुप्पी</a></strong></p>
साथ ही विनेश फोगाट ने #wewantjustice के साथ पुष्यमित्र उपाध्याय की कविता "सुनो द्रौपदी शास्त्र उठा लो " पोस्ट की।
कांग्रेस के साथ के आरोप पर दी सफाई
पहलवान साक्षी मालिक और उनके पति पहलवान सत्यव्रत कादियान का कहना है कि हम पर आरोप लगाए गए कि ये आंदोलन कांग्रेस पार्टी के नेता दीपेंद्र हुड्डा कहने पर हमने किया था, लेकिन ये सच नहीं है। इस आंदोलन की शुरुआत जनवरी 2022 में जब हुई थी तब इसका परमिशन बीजेपी लीडर बबीता फोगाट और तीर्थ राणा ने ली थी।
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नयी संसद के उद्घाटन का पता नहीं था पहलवानो को
सत्यव्रत ने कहा कि 28 मई को होने वाली महिला महापंचायत का फैसला खाप पंचायत ने लिया। हमें तो मालूम भी नहीं था कि नई संसद का उद्घाटन होने वाला है। हम हरिद्वार गए और हमने अपने मेडल अपने परिवार वालों और कोच को वापस किए।। वहां क्या हो रहा था हमें नहीं पता। हम आंदोलनकारी नहीं है, हमें अनुभव नहीं है। हमें समझ नहीं आ रहा था कि कौन हमारे साथ है कौन हमारे खिलाफ है।
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शिकायत करने वाले के करियर बर्बाद की कोशिश होती थी
सत्यव्रत आगे ने कहा कि महिलाओं महिला पहलवानों के साथ जिस तरह का व्यवहार किया जा रहा था उसके खिलाफ सब आवाज उठाना चाह रहे थे, लेकिन हममे एकता की कमी थी। हमने पहले इसके खिलाफ आवाज उठाने की कोशिश भी की थी, लेकिन बात रेसलिंग फेडरेशन के प्रेसिडेंट तक पहुंच जाती थी और उस खिलाड़ी के करियर का बर्बाद करने की कोशिश होती थी। हमने सबसे बार-बार कहा है कि हमारी लड़ाई सरकार के खिलाफ नहीं है। हमारी लड़ाई सिर्फ बृजभूषण सिंह से हैं क्योंकि अध्यक्ष पद पर रहते हुए उन्होंने काफी गलत काम किए हैं।
पहलवानों में एकता की कमी
साक्षी मलिक ने वीडियो में बताया कि हम पर सवाल उठाए जा रहे थे कि हम इतने समय तक चुप क्यों थे। उन्होंने कहा कि सबसे पहले पहलवानों में एकता की कमी थी और हम एक साथ हो ही नहीं पाए। इसके बाद इसका दूसरा कारण ये था कि माइनर लड़की जिसने 161 और फिर 164 के बयान दिए। उसके कई दिन बाद उसने अपने बयान बदले क्योंकि उसके परिवार को डराया और धमकाया गया। तो हम सिंगल-सिंगल आवाज कैसे उठा सकते थे। कुश्ती में आने वाले ज्यादातर खिलाड़ी गरीब परिवार से होते हैं और उनमें हिम्मत की कमी होती है। उनमें ताकत नहीं है कि वो इतनी बड़ी व्यवस्था और इतने पॉवरफुल आदमी के खिलाफ आवाज उठा सके। जब भारत के टॉप रेसलर्स ने उनके खिलाफ आवाज उठाई, लेकिन उन्हें किन-किन हालातों से गुजरना पड़ा।
खाप पंचायत से मांगी माफ़ी
साक्षी मलिक और सत्यव्रत कादियान ने खाप पंचायतों से नाराजगी को अफवाह बताया। उन्होंने कहा कि अगर खाप पंचायत को उनकी कोई बात बुरी लगी तो वह माफी मांगते हैं और अपील करते हैं कि आप लोग अफवाह पर ध्यान न दें। हम चाहेंगे कि आगे भी मुश्किल समय में आप हमारा साथ दें।
लोगों ने दिए कुछ इस तरह के रिएक्शंस
साक्षी और सत्यव्रत के इस वीडियो के आते ही लोगों ने अपने रिएक्शंस देने शुरू कर दिए, जिनमे से चद लोगो ने पहलवानो के प्रति सहानुभूति दिखाई है लेकिन नेटिजन्स ने बड़ी संख्या में पहलवानो को अब जनता को और बेवकूफ ना बनाने की सलाह देते हुए कहा की अब पहलवानों की असली सच्चाई सबके सामने आ चुकी ह।
कुछ लोगो ने नयी संसद के उद्घाटन का पता न होने की बात का मज़ाक उड़ाते हुए कहा कि दिन भर अपना आंदोलन सोशल मीडिया पर चलते हो, और नयी संसद के उद्घाटन का नहीं पता था।
एक यूजर ने तो यहाँ तक कह दिया कि साक्षी तो खुद ही हरैस्मेंट कमेटी की अध्यक्ष हैं ,उनका शोषण कैसे हो गया ?
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