इस वैक्सीन के सफल परीक्षण के बाद बहुत लोग यही कहेंगे, काश ये पहले आ आती..यह कैंसर को रोकेगी और इसका इलाज भी करेगी

<p>काश..ये दवा कुछ समय पहले आ जाती, इस खबर को पढ़ने के बाद बहुत लोग ऐसा ही सोचेंगे। कुछ तो यह भी सोचेंगे कि जो बात हम बताने जा रहे हैं, उसमें वाकई सच्चाई है भी कि नहीं। तो हम बता देते हैं कि बात 100 टका सच्ची है कि जल्दी ही बाजार में वो वैक्सीन आने वाली है जो ब्रेन कैंसर को ठीक ही नहीं, उसे होने से भी रोक देती है..! &nbsp;फिलहाल चूहों पर इसका परीक्षण हुआ है और शुरुआती चरण में इसके शानदार परिणाम आए हैं। इस वैक्सीन ने ट्यूमर और कैंसर की कोशिकाओं को भी समाप्त करने का काम किया है। यही नहीं यह उन कोशिकाओं को बढ़ने से रोकने में भी वैक्&zwj;सीन मददगार साबित हुई है।</p>

इस वैक्सीन के सफल परीक्षण के बाद बहुत लोग यही कहेंगे, काश ये पहले आ आती..यह कैंसर को रोकेगी और इसका इलाज भी करेगी
09-01-2023 - 11:36 AM
21-04-2026 - 12:04 PM

ब्रिघम एंड वुमेंस हॉस्पिटल, बोस्टन के वैज्ञानिकों ने CRISPR, जिसे CRISP-CAS9 भी कहते हैं, की तर्ज पर एक तकनीक विकसित की है। उन्‍हें सक्रिय कैंसर कोशिकाओं के भीतर प्रोटीन को बदलने में सफलता मिली है। कैंसर को खत्‍म करने के लिए ये कोशिकाएं प्राइम ट्यूमर और अन्‍य सेल्‍स में बदल जाती हैं। इस तरह की प्रक्रिया में इम्‍यून सिस्‍टम शामिल होता है। यही वायरस के लिए वैक्‍सीन की तरह चूहों में इम्‍यून संबंधी मेमोरी के लिए जिम्‍मेदार बन जाता है।
खास बात यह है कि इस तरीके में जीवित कैंसर कोशिकाओं का इस्‍तेमाल किया गया है। इन्‍हें ट्यूमर का खात्‍मा करने के लिए उपयोग किया जाता है। ये उन्‍हीं कोशिकाओं (Cells) को लक्षित करके काम करती हैं जिनसे ट्यूमर बनता है।यह उन्‍हें इम्‍यून मॉलीक्‍यूल के मुकाबले कैंसर खत्‍म करने के लिए ज्‍यादा क्षमतावान बनाता है। इस खूबी की वजह होती है इनका शरीर के अंदर ज्‍यादा लंबी दूरी तय कर पाना। ये कोशिकाएं उसी ट्यूमर तक पहुंचती हैं जिनसे पैदा होती हैं।
इस शोध से संबद्ध रहे वैज्ञानिकों का कहना है कि उन्‍होंने कैंसर कोशिकाओं को लेकर उन्‍हें कैंसर किलर और वैक्‍सीन में तब्‍दील कर दिया है। इसमें जीन इंजीनियरिंग का इस्‍तेमाल हुआ है। इसके जरिये एक उपचार तकनीक विकसित की गई है। इसमें कैंसर कोशिकाओं का दोबारा उत्‍पादन किया जाता है। ये ट्यूमर कोशिकाओं को खत्‍म करती हैं। शरुआती स्तर पर ट्यूमर को नष्ट करने के साथ ये कैंसर को रोकने के लिए इम्‍यून सिस्‍टम को भी सक्रिय करती हैं।
बता दें कि विभिन्न प्रकार के कैंसर में ब्रेन कैंसर में बचने की दर सबसे कम होती है। इसमें 10 फीसदी से भी कम मरीज बच पाते हैं। इसीलिए हम कह सकते हैं कि यह ब्रेन ट्यूमर विशेषरूप से कैंसर की स्थित में इलाज के लिए वैक्सीन तैयार होने की खबर जबर्दस्त खुश खबरी है और नये साल का सबसे बड़ा उपहार है।

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THE NEWS THIKANA, संपादकीय डेस्क यह द न्यूजठिकाना डॉट कॉम की संपादकीय डेस्क है। डेस्क के संपादकीय सदस्यों का प्रयास रहता है कि अपने पाठकों को निष्पक्षता और निर्भीकता के साथ विभिन्न विषयों के सच्चे, सटीक, विश्वसनीय व सामयिक समाचारों के अलावाआवश्यक उल्लेखनीय विचारों को भी सही समय पर अवगत कराएं।