India-Russia Relations : रूस से तेल खरीद के रिकाॅर्ड तोड़ रहा भारत... इराक और सऊदी अरब को पीछे छोड़ हर दिन खरीदा 16 लाख बैरल कच्चा तेल..!
<p><em><strong>India-Russia Relations : रूस से भारत का आयात बढ़ने का असर सऊदी अरब और अमेरिका से होने वाले तेल आयात पर पड़ा है। सऊदी अरब से आयात किया जाने वाला तेल मासिक आधार पर 16 फीसदी घट गया जबकि अमेरिका से होने वाले तेल आयात में 38 फीसदी की कमी आई है। </strong></em></p> <quillbot-extension-portal></quillbot-extension-portal>
India-Russia Relations : भारत लगातार रूस से भरपूर मात्रा में कच्चे तेल का आयात कर रहा है। इस मामले में खाड़ी के देश पीछे छूट गए हैं। फरवरी में India का Russia से कच्चे तेल का आयात बढ़कर रिकॉर्ड 16 लाख बैरल प्रतिदिन हो गया है जो उसके परंपरागत सप्लायर्स इराक और सऊदी अरब के कुल तेल आयात से भी ज्यादा है।
तेल के आयात-निर्यात पर नजर रखने वाली संस्था वर्टेक्सा ने बताया कि भारत जितनी मात्रा में तेल आयात करता है, उसकी एक तिहाई से अधिक सप्लाई अकेले रूस ने की है। वह लगातार पांचवें महीने भारत को कच्चे तेल का इकलौता सबसे बड़ा सप्लायर बना हुआ है।
1 फीसदी से भी कम थी रूस की हिस्सेदारी
Russia और Ukraine के बीच फरवरी-2022 में युद्ध शुरू होने से पहले तक भारत के तेल आयात में रूस की हिस्सेदारी एक फीसदी से भी कम होती थी। लेकिन पिछले महीने फरवरी में यह 35 फीसदी बढ़कर 16.20 लाख बैरल प्रतिदिन हो गई। रूस से भारत का आयात बढ़ने का असर सऊदी अरब और अमेरिका से होने वाले तेल आयात पर पड़ा है। सऊदी अरब से आयात किया जाने वाला तेल मासिक आधार पर 16 फीसदी घट गया जबकि अमेरिका से होने वाले तेल आयात में 38 फीसदी की कमी आई है।
बीते 16 महीनों में इराक और सऊदी अरब से हुई सबसे कम सप्लाई
एनर्जी कार्गो ट्रैकर वर्टेक्सा के मुताबिक, अब रूस से भारत जितना तेल आयात करता है वह दशकों से उसके सप्लायर्स रहे इराक और सऊदी अरब से किए जाने वाले कुल आयात से भी अधिक है। इराक ने फरवरी के महीने में 9,39,921 बैरल प्रतिदिन तेल की सप्लाई की जबकि सऊदी अरब ने 6,47,813 बैरल प्रतिदिन की सप्लाई की। यह बीते 16 महीनों में इराक और सऊदी अरब से हुई सबसे कम सप्लाई है।
यूएई ने भारत को तेल सप्लाई में अमेरिका को पीछे छोड़ा
फरवरी, 2023 में संयुक्त अरब अमीरात ने भारत को 4,04,570 बैरल प्रतिदिन की सप्लाई कर अमेरिका को पीछे छोड़ दिया। अमेरिका ने 2,48,430 बैरल तेल प्रतिदिन की आपूर्ति की, जो जनवरी की आपूर्ति 3,99,914 बैरल प्रतिदिन से कम है। वर्टेक्सा की प्रमुख (एशिया-पैसिफिक एनालिसिस) सेरेना हुआंग ने कहा, ‘रूस से आने वाले सस्ते कच्चे तेल के प्रोसेसिंग से भारतीय रिफायनर्स को अधिक मार्जिन मिल रहा है। आने वाले समय में भी यह सिलसिला बने रहने की उम्मीद है।’ Russia Ukraine पर हमले के बाद से पश्चिमी देशों की तरफ से लगाई गई आर्थिक पाबंदियों से निपटने के लिए इस समय भारत को रिकॉर्ड मात्रा में कच्चे तेल की बिक्री कर रहा है।
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